सीबीएसई ने कोरोना संक्रमित छात्रों को प्रैक्टिकल एग्जाम में राहत देने का फैसला किया है। अगर कोई छात्र पॉजिटिव है या उसके घर में कोई संक्रमित है तो वह प्रैक्टिकल परीक्षा बाद में दे सकता है।
सभी स्कूलों को हर हाल में 11 जून 2021 तक प्रैक्टिकल परीक्षाएं आयोजित करवानी होंगी। छात्रों की मार्कशीट में लिखे ‘सी’ का मतलब यही है कि उन्होंने कोरोना के चलते अभी परीक्षा नहीं दी है।
मार्कशीट में लिखे ‘सी’ का अर्थ
सेंट्रल बोर्ड ऑफ़ सेकंडरी एजुकेशन (सीबीएसई) ने कक्षा 10वीं और 12वीं बोर्ड परीक्षा 2021 की तैयारी कर रहे छात्रों को उनकी मार्कशीट में लिखे ‘सी’ से परेशान न होने की बात की है। बोर्ड ने स्पष्ट किया है कि कुछ छात्रों की मार्कशीट में ‘सी’ लिखा हुआ आएगा, लेकिन उसका मतलब यह नहीं है कि उनके मार्क्स कम आए हैं या वे फेल हैं, बल्कि यहां ‘सी’ का मतलब कोरोना संक्रमण से है।
केंद्र बदलने पर लिखा आएगा ‘टी’
वहीं, 2020 में कोरोना के बिगड़े हालातों के बीच कई छात्र अपने परिवार के साथ दूसरे शहरों में शिफ्ट हो गए थे। ऐसी स्थिति में सीबीएसई बोर्ड ने उन्हें अपना परीक्षा केंद्र बदलने की राहत दी है। जो भी छात्र अपना परीक्षा केंद्र बदलेंगे, स्कूल को उनकी मार्कशीट अपलोड करते समय उस पर ‘टी’ लिखना होगा। यहां ‘टी’ का मतलब ट्रांसफर है। आपकी जानकारी के लिए बता दें, सीबीएसई बोर्ड प्रैक्टिकल परीक्षाएं 1 मार्च 2021 से शुरू हो गई थीं और 11 जून 2021 तक चलेंगी।
Er. Rishi Anand
Ex lecturer Govt Polytechnic Purnea
Director:RISHI SEMINARY

